RCB: 17587 करोड़ रुपये की आरसीबी को खरीदना चाहती हैं ये कंपनियां, एक के पास तो पहले से ही आईपीएल टीम
IPL: इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) को लेकर बड़ी खबर आ रही है. IPL 2025 का खिताब जीतने वाली रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु के बिकने की खबर सामने आ रही है. इसके लिए कई कंपनियां सामने आई है.
इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) 2025 का चैंपियन रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) एक नए मालिक की तलाश में है. इस फ्रैंचाइजी की वैल्यू इस समय करीब दो बिलियन डॉलर (करीब 17587 करोड़ रुपये) है. क्रिकबज की रिपोर्ट्स के मुताबिक 6 कंपनियों ने इस फ्रैंचाइजी को खरीदने में रुचि दिखाई है. अगर RCB की मूल कंपनी डियाजियो ग्रेट ब्रिटेन इसे बेचने का मन बनाती है तो इन कंपनियों के बीच इस टीम को खरीदने के लिए होड़ लग सकती है. इसमें एक ऐसी कंपनी भी शामिल है, जिसके पास एक आईपीएल टीम पहले से ही है. (Photo-PTI)
इसके अलावा अमेरिका स्थित दो निजी इक्विटी कंपनियां भी इसमें रुचि दिखा रही हैं, जबकि दिल्ली के एक बिजनेसमैन भी इस दौड़ में शामिल हो गए हैं. पूनावाला परिवार ने पहले भी एक आईपीएल टीम में संभावनाओं की तलाश की थी और अदार के पिता साइरस ने साल 2010 में ललित मोदी के नेतृत्व में आईपीएल के विस्तार के समय आईटीटी को लगभग खरीद लिया था, लेकिन आखिर में सहारा और रेंडेजवस स्पोर्ट्स ने बाजी मार ली. ये अलग बात है कि पुणे और कोच्चि की ये दोनों टीमें ज्यादा समय तक नहीं टिक पाईं. (Photo-PTI)
इसके अलावा अमेरिका स्थित दो निजी इक्विटी कंपनियां भी इसमें रुचि दिखा रही हैं, जबकि दिल्ली के एक बिजनेसमैन भी इस दौड़ में शामिल हो गए हैं. पूनावाला परिवार ने पहले भी एक आईपीएल टीम में संभावनाओं की तलाश की थी और अदार के पिता साइरस ने साल 2010 में ललित मोदी के नेतृत्व में आईपीएल के विस्तार के समय आईटीटी को लगभग खरीद लिया था, लेकिन आखिर में सहारा और रेंडेजवस स्पोर्ट्स ने बाजी मार ली. ये अलग बात है कि पुणे और कोच्चि की ये दोनों टीमें ज्यादा समय तक नहीं टिक पाईं. आईपीएल में अडानी समूह की रुचि जगजाहिर है. साल 2022 में जब BCCI ने दो नई टीमें बेचीं तो अडानी ग्रुप अहमदाबाद टीम खरीदने से चूक गया था. (Photo-PTI)
जिंदल समूह दिल्ली कैपिटल्स में 50 प्रतिशत हिस्सेदारी रखता है और अगर वो आरसीबी के लिए बोली लगाता है, तो उसे दिल्ली कैपिटल्स से बाहर निकलना होगा. (Photo-PTI)
माना जा रहा है कि सिटी सहित दो निजी बैंकों को डियाजियो ने बिक्री पर सलाह देने के लिए नियुक्त किया है. ये अभी तक स्पष्ट नहीं है कि ये लेन-देन पूरा होगा या नहीं, क्योंकि डियाजियो की भारतीय शाखा कथित तौर पर इसके पक्ष में नहीं है. इसके कुछ अधिकारी हाल ही में इस मामले पर चर्चा करने के लिए यूके गए थे. (Photo-PTI)



