बिहार: जहानाबाद में नशे के शौदागरों ने पीट-पीटकर ली कांस्टेबल की जान, दबिश में गई थी पुलिस; इस हाल में मिला शव
जहानाबाद में स्मैक तस्करी के खिलाफ कार्रवाई करने निकले टाइगर मोबाइल जवान धनेश्वर यादव की अपराधियों ने लाठी-डंडों से पीट-पीटकर हत्या कर दी. दो दिन बाद उनका शव दरधा नदी से बरामद हुआ.
बिहार के जहानाबाद में स्मैक तस्करी के खिलाफ कार्रवाई करने निकले टाइगर मोबाइल के जवान धनेश्वर यादव की हत्या कर दी गई. पुलिस के मुताबिक, अपराधियों ने लाठी-डंडों से पीट-पीटकर उनकी जान ले ली और शव दरधा नदी में फेंक दिया. दो दिन तक लापता रहने के बाद शनिवार को उनका शव काको थाना क्षेत्र के नदियावां के पास नदी से बरामद हुआ. घटना के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया.
जानकारी के अनुसार, धनेश्वर यादव गुरुवार देर शाम स्मैक तस्करी के खिलाफ छापेमारी और कार्रवाई के लिए निकले थे. इसके बाद से उनका कोई पता नहीं चल रहा था. जवान के लापता होने की सूचना पर पुलिस उनकी तलाश में जुटी थी. शनिवार को दरधा नदी में शव मिलने की खबर मिली. पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव बरामद किया.
जहानाबाद के पुलिस अधीक्षक कोटा किरण कुमार ने जवान की हत्या किए जाने की पुष्टि की है. उन्होंने बताया कि धनेश्वर यादव की लाठी-डंडों से पीट-पीटकर हत्या की गई. वारदात के बाद शव नदी में फेंक दिया गया था.
एसपी समेत कई अधिकारी पहुंचे
शव बरामद होने की सूचना मिलते ही एसपी कोटा किरण कुमार, एएसपी और एसडीपीओ समेत कई पुलिस अधिकारी घटनास्थल पर पहुंचे. अधिकारियों ने मौके का निरीक्षण किया और मामले की जांच शुरू की. पुलिस हत्याकांड में शामिल लोगों की पहचान करने और उनकी गिरफ्तारी के लिए कार्रवाई कर रही है.
नशे के कारोबार के खिलाफ कार्रवाई
धनेश्वर यादव स्मैक तस्करी के खिलाफ कार्रवाई के लिए निकले थे. इसी दौरान उनके साथ हुई इस वारदात ने जिले में नशे के अवैध कारोबार और उससे जुड़े अपराधियों को लेकर चिंता बढ़ा दी है. हालांकि, हत्या में शामिल लोगों और वारदात के पूरे घटनाक्रम का खुलासा पुलिस जांच के बाद ही हो सकेगा.
मृतक जवान मूल रूप से भोजपुर जिले के आरा के रहने वाले थे. उनकी हत्या की खबर से पुलिस महकमे में शोक का माहौल है. एक पुलिसकर्मी की ड्यूटी के दौरान हत्या ने जवानों की सुरक्षा को लेकर भी सवाल खड़े कर दिए हैं.




