3 ड्रमों में मिले कैश का राज तलाश रही प्रयागराज पुलिस, घर के 4 कमरों में फिर हुई खुदाई; लगाए CCTV कैमरे

3 ड्रमों में मिले कैश का राज तलाश रही प्रयागराज पुलिस, घर के 4 कमरों में फिर हुई खुदाई; लगाए CCTV कैमरे

प्रयागराज में 3 ड्रमों में करोड़ों रुपए की नकदी मिलने के मामले में पुलिस और इनकम टैक्स विभाग की जांच जारी है. शुक्रवार को घर के 4 कमरों में दोबारा खुदाई कराई गई और राजेश-राकेश यादव से पूछताछ की गई.

Prayagraj News: प्रयागराज में जमीन के नीचे दबाकर रखे गए तीन ड्रमों में करोड़ों रुपए की नकदी मिलने के मामले में जांच का दायरा लगातार बढ़ता जा रहा है. नवाबगंज थाना क्षेत्र के बरईपुर-रामनगर गांव में शुक्रवार को लगातार तीसरे दिन पुलिस और इनकम टैक्स विभाग की जांच जारी रही. जांच एजेंसियां अब तक यह पता नहीं लगा पाई हैं कि इतनी बड़ी मात्रा में नकदी कहां से आई और इसे जमीन के नीचे क्यों छिपाकर रखा गया था? शुक्रवार को मकान के अंदर एक बार फिर खुदाई कराई गई. घर के चार कमरों में मजदूरों को लगाकर जमीन की जांच की गई. वहीं दोनों भाइयों के व्यावसायिक प्रतिष्ठानों पर भी निगरानी बढ़ा दी गई है.

इनकम टैक्स की टीम ने दोनों भाइयों से की पूछताछ

शुक्रवार सुबह से ही इनकम टैक्स विभाग की टीम मकान के अंदर मौजूद रही. टीम ने राजेश यादव और राकेश यादव से कई घंटे तक पूछताछ की. अधिकारियों ने उनसे बरामद नकदी के स्रोत, कारोबार और उससे जुड़े दस्तावेजों के बारे में जानकारी मांगी. टीम ने मकान में मौजूद दस्तावेजों की भी जांच की. इस दौरान कुछ महत्वपूर्ण कागजात अधिकारियों ने अपने कब्जे में ले लिए. शाम करीब छह बजे इनकम टैक्स विभाग की टीम मकान से बाहर निकली. हालांकि जांच के बाद भी नकदी के स्रोत को लेकर कोई आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है.

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4 कमरों में फिर कराई गई तीन से चार फीट खुदाई

दूसरी तरफ, पुलिस ने मकान के अंदर तलाशी अभियान जारी रखा. शुक्रवार को घर के चार कमरों में दोबारा खुदाई कराई गई. मजदूरों की मदद से करीब तीन से चार फीट तक जमीन खोदी गई. खुदाई के काम को तेजी से पूरा करने के लिए मजदूरों की अलग-अलग शिफ्ट बनाई गई हैं. पुलिस अब रात में भी तलाशी अभियान जारी रखने की तैयारी में है. इसके लिए मौके पर जनरेटर की व्यवस्था की गई है, ताकि बिजली और रोशनी की कमी के कारण काम प्रभावित न हो. यानी रात के अंधेरे में भी मकान के अंदर खुदाई और तलाशी का काम जारी रहेगा.

मकान के बाहर भारी पुलिस बल तैनात

पूरे मकान के आसपास सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है. मौके पर भारी संख्या में पुलिस बल तैनात है. जांच की गोपनीयता और सुरक्षा को देखते हुए मीडिया को भी मकान के अंदर और आसपास जाकर कवरेज करने से दूर रखा जा रहा है. अधिकारी किसी भी तरह की जानकारी सार्वजनिक करने से बच रहे हैं.

दोनों भाइयों के कॉम्प्लेक्स पर भी बढ़ाई निगरानी

जांच एजेंसियों ने अब दोनों भाइयों के कारोबार से जुड़े ठिकानों पर भी नजर रखनी शुरू कर दी है. रामनगर बाजार स्थित उनके कॉम्प्लेक्स पर पुलिस की निगरानी बढ़ा दी गई है. परिसर में सीसीटीवी कैमरे लगवाए गए हैं, ताकि वहां आने-जाने वाले लोगों पर नजर रखी जा सके. इससे साफ है कि जांच अब सिर्फ मकान और उसमें छिपाकर रखी गई नकदी तक सीमित नहीं है, बल्कि दोनों भाइयों के व्यावसायिक लेनदेन की भी पड़ताल की जा रही है.

3 ड्रमों में मिली थीं 500 रुपए के नोटों की गड्डियां

बीते बुधवार को राजेश और राकेश यादव के घर में जमीन के नीचे दबाकर रखे गए तीन ड्रम बरामद हुए थे. इन ड्रमों में 500 रुपए के नोटों की भारी मात्रा में गड्डियां रखी हुई थीं. इतनी बड़ी नकदी मिलने के बाद पुलिस और इनकम टैक्स विभाग ने जांच शुरू की थी. बरामद रकम को नवाबगंज थाने के मालखाने में जमा कराया गया है.

हालांकि, अभी तक बरामद नकदी की आधिकारिक गिनती और कुल रकम का खुलासा नहीं किया गया है. पुलिस और इनकम टैक्स विभाग के अलावा अन्य जांच एजेंसियां भी मामले की पड़ताल कर रही हैं. फिलहाल जांच एजेंसियों के सामने सबसे बड़ा सवाल यही है कि आखिर करोड़ों रुपए की यह नकदी कहां से आई? इसे ड्रमों में भरकर जमीन के नीचे क्यों छिपाया गया था?

मनीष वर्मा
मनीष वर्मा

मनीष वर्मा 21 वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं. वो IBN7, न्यूज़ एक्सप्रेस, नेशनल वॉयस, MH-1 न्यूज़ चैनल तथा न्यूज़-ट्रैक , इंडियन ओपिनियन में काम कर चुके हैं. मुख्य रूप से 'बुंदेलखंड की भूख- अवार्डेड स्टोरी ऑफ IBN7', चार महाकुम्भ/अर्धकुंभ (2001, 2007, 2013, 2019), महेश योगी समाधि का अंतराष्ट्रीय कार्यक्रम, कुख्यात डकैत ददुआ एनकाउंटर, कुख्यात डकैत ठोकिया द्वारा 7 जवानों की नृशंस हत्या की स्पेशल कवरेज कर चुके हैं.

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