पेट्रोल-डीजल कारों पर हट गया बैन? वायरल हो रहे इस मैसेज पर सरकार ने दिया ये जवाब

NGT Ban: इन दिनों सोशल मीडिया पर एक पोस्ट काफी वायरल हो रही है जिसमें इस बात का दावा किया जा रहा है कि NGT द्वारा पुराने वाहनों पर लगाए प्रतिबंध को हटा दिया गया है. क्या है इस पोस्ट की सच्चाई, आइए जानते हैं कि सरकार का इस मामले में क्या कहना है.
दिल्ली और एनसीआर में 15 साल पुराने पेट्रोल वाहन और 10 साल पुराने डीजल वाहन पर एनजीटी ने बैन लगाया था लेकिन सोशल मीडिया पर एक पोस्ट वायरल हो रही है जिसमें इस बात का दावा किया जा रहा है कि नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल यानी NGT ने दिल्ली और एनसीआर में पुराने वाहनों पर लगाए इस प्रतिबंध को हटा दिया है.
सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे इस पोस्ट में ऐसा दावा किया गया है कि सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय यानी MoRTH ने नोटिफिकेशन जारी कर 10 साल पुराने डीजल और 15 साल पुरानी पेट्रोल कार पर लगे बैन को हटा दिया है.
वायरल हो रहे पोस्ट पर आया सरकार का जवाब
सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे इस पोस्ट पर अब सरकार ने स्पष्टीकरण देते हुए कहा कि ऑनलाइन इस बात के दावे किए जा रहे हैं कि सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय ने पुराने पेट्रोल और डीजल वाहनों से प्रतिबंध हटा दिया है लेकिन बता दें कि इस तरह के सभी दावे फर्जी है.
आप लोगों की जानकारी के लिए बता दें कि MoRTH इंडिया के ऑफिशियल ट्विटर अकाउंट से ट्वीट कर इस बात की जानकारी दी है कि सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे इस मैसेज में कोई भी सच्चाई नहीं है और सरकार ने इस तरह का कोई भी ऑर्डर पास नहीं किया है.
A fake news is in circulation in Social Media claiming that MoRTH has issued a notification lifting ban imposed by Hon’ble NGT on vehicles (10 year old for diesel and 15 year old for petrol) in Delhi NCR.
— MORTHINDIA (@MORTHIndia) February 13, 2023
याद दिला दें कि नवंबर 2014 में नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल यानी NGT ने पुराने वाहनों पर बैन का ऑर्डर पास किया था. इस ऑर्डर को पास करने के पीछे सरकार का उद्देश्य यह था कि 10 साल से ज्यादा पुराने डीजल वाहन और 15 साल और इससे पुराने वाहनों को दिल्ली-एनसीआर की सड़कों पर चलने से रोका जाए जिससे कि दिल्ली और एनसीआर क्षेत्र की आबोहवा को स्वच्छ बनाया जा सके और प्रदूषण स्तर को कम किया जा सके.